✍️ योगेश राणा।
Noida: थाना बिसरख पुलिस ने सोमवार को एक ऐसे शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है जो पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को मिलने वाली ECHS (Ex-servicemen Contributory Health Scheme) सुविधा का फर्जी तरीके से लाभ उठा रहा था। पुलिस ने इस मामले में एक महिला समेत चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। बता दें कि पुलिस के अनुसार, अभियुक्तों ने वादी (शिकायतकर्ता) की पुत्री के असली ECHS कार्ड और आधार कार्ड का अवैध रूप से इस्तेमाल किया। आरोपियों ने तनु (पुत्री स्व. सुरेन्द्र सिंह) नामक युवती को अस्पताल में भर्ती कराया और वादी की पुत्री के दस्तावेजों के आधार पर उसका इलाज शुरू करवा दिया। इस जालसाजी के जरिए उन्होंने उपचार में खर्च होने वाली लगभग ₹6,50,000/- की भारी-भरकम राशि का अवैध लाभ प्राप्त किया और मामला तब और गंभीर हो गया जब उपचार के दौरान युवती (तनु) की मृत्यु हो गई। अपनी चोरी पकड़े जाने के डर से अभियुक्तों ने एक और अपराध किया। उन्होंने वादी की जीवित पुत्री (जिसका कार्ड इस्तेमाल हुआ था) के नाम से फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कर लिया और उसे ही अस्पताल व अन्य रिकॉर्ड्स में प्रस्तुत कर दिया और गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान शिखा सिंह पुत्री स्व. सुरेन्द्र सिंह,यश सिंह पुत्र स्व. सुरेन्द्र सिंह,जितेन्द्र यादव पुत्र बिजेन्द्र सिंह यादव, दानिश खान पुत्र यामीन के रूप में हुई है।

डीसीपी सेंट्रल नोएडा ने क्या कुछ बताया!
डीसीपी सेंट्रल नोएडा, शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि
थाना बिसरख पुलिस ने एक ऐसे गिरोह के 04 सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जो सेना के ECHS कार्ड का फर्जी इस्तेमाल कर धोखाधड़ी कर रहे थे। इन अभियुक्तों ने एक अन्य युवती का इलाज वादी की पुत्री के कार्ड पर कराया, जिससे सरकार/विभाग को करीब ₹6.50 लाख का चूना लगाया और गंभीर बात यह है कि इलाज के दौरान युवती की मृत्यु होने पर, आरोपियों ने अपनी जालसाजी छिपाने के लिए वादी की जीवित पुत्री के नाम से ही फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र भी तैयार कर लिया। पुलिस ने इनके पास से घटना में प्रयुक्त मोबाइल और डिजिटल दस्तावेज बरामद किए हैं। चारों अभियुक्तों को जेल भेजा जा रहा है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई प्रचलित है।”