दिल्ली हाईकोर्ट ने राजपाल यादव को दी राहत, अगली सुनवाई 1 अप्रैल 2026 को तय।

अदालत में भावुक हुए राजपाल यादव, बोले—जेल भेजने की थी साजिश।

राजपाल यादव बोले—“न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है”

न्यूज़ डायरी टुडे, नोएडा।

नई दिल्ली: मशहूर फिल्म अभिनेता राजपाल यादव चेक बाउंस से जुड़े एक पुराने मामले में दिल्ली उच्च न्यायालय के समक्ष पेश हुए। न्यायमूर्ति स्वर्णकांता शर्मा की अदालत में हुई इस सुनवाई के लिए राजपाल यादव विशेष रूप से मुंबई से दिल्ली आए थे। कोर्ट में अभिनेता का पक्ष उनके अधिवक्ता सौरभ त्रिवेदी और भास्कर उपाध्याय ने रखा। बता दें कि सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति स्वर्णकांता शर्मा के कहने पर राजपाल यादव ने स्वयं अपना पक्ष रखा। भावुक होते हुए अभिनेता ने कहा कि वह पूर्व में ही पूरा उधार चुकाना चाहते थे, लेकिन प्रतिपक्षी (शिकायतकर्ता) की हठधर्मिता के कारण उन्हें जेल जाना पड़ा। राजपाल ने दावा किया कि प्रतिपक्षी ने स्पष्ट रूप से कहा था कि उन्हें “धन नहीं, बल्कि राजपाल यादव की जेल चाहिए।” इस पर न्यायमूर्ति ने उन्हें बीच में रोकते हुए मामले की अगली सुनवाई 1 अप्रैल 2026 के लिए नियत कर दी। साथ ही, अदालत ने राजपाल के वकीलों को 25,00,000 रुपये का डिमांड ड्राफ्ट जमा करने के लिए समय प्रदान किया है और पिछले पखवाड़े मुंबई में हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजपाल यादव ने कहा था कि उनके पास 1,200 करोड़ रुपये का काम है। आज जब मीडिया ने इस भारी-भरकम राशि पर सवाल पूछा, तो राजपाल यादव ने सीधी सफाई न देते हुए कहा, “मुझे न्याय व्यवस्था पर पूरा भरोसा है और मैं आने वाली 1 अप्रैल को इस पर खुलकर बात करूँगा।”

मुझे पैसा नहीं, राजपाल की जेल चाहिए”— अभिनेता ने कोर्ट में प्रतिपक्षी पर लगाया हठधर्मिता का आरोप।

दिल्ली हाईकोर्ट में न्यायमूर्ति स्वर्णकांता शर्मा ने सुनवाई की। वकील सौरभ त्रिवेदी के अनुसार, कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि राजपाल यादव को जेल नहीं जाना होगा। उनका पक्ष मजबूत है और उन्हें न्याय की पूरी उम्मीद है और यह मामला ₹5 करोड़ के मूल ऋण से शुरू हुआ था। 2012 में एक समझौता हुआ जिसके तहत कुछ चेक दिए गए और अधिवक्ता ने बताया कि 2013 में एक नया एग्रीमेंट हुआ, जिसमें तय था कि पुराने चेक रद्द कर दिए जाएंगे और बदले में ₹10 करोड़ दिए जाएंगे और राजपाल यादव का पक्ष है कि नए समझौते के बावजूद पुराने चेक वापस नहीं किए गए और उन्हें आधार बनाकर उन्हें जेल भिजवाया गया।