UP NEWS : आतंकी को क्लीनचिट देने वाला दरोगा सस्पेंड, AK-47 को बताया था ‘खिलौना’।

:- आतंकी को क्लीनचिट देने वाले दरोगा सस्पेंड, सीओ पर गिरी गाज; AK-47 को ‘खिलौना’ बताकर लगा दी थी FR”

न्यूज़ डायरी टुडे, उत्तर प्रदेश।

बिजनौर में संदिग्ध आतंकी आकिब को क्लीनचिट देने के मामले में यूपी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस प्रकरण में लापरवाही बरतने के आरोप में दरोगा सत्येंद्र मलिक को निलंबित (सस्पेंड) कर दिया गया है और सीओ नजीबाबाद नितेश प्रताप सिंह को उनके पद से हटाते हुए सर्किल से बाहर कर दिया गया है। बता दें कि हाल ही में उत्तर प्रदेश एटीएस (ATS) ने मेरठ के साकिब उर्फ ‘डेविल’ सहित चार संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया था और पूछताछ में साकिब ने खुलासा किया कि वह दुबई में रहने वाले आकिब के संपर्क में था, जो पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स के निर्देश पर भारत में आतंकी साजिशें रच रहा था और आकिब का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें वह AK-47 और ग्रेनेड के साथ नजर आ रहा था। तत्कालीन थाना प्रभारी (दरोगा) सत्येंद्र मलिक ने इस गंभीर मामले की विवेचना में हथियार को ‘खिलौना’ बताकर केस में फाइनल रिपोर्ट (FR) लगा दी थी और आकिब को क्लीनचिट दे दी थी और एटीएस की जांच में आकिब का आतंकी नेटवर्क सामने आने के बाद बिजनौर पुलिस की पुरानी जांच पर सवाल उठे।एसपी अभिषेक झा ने प्राथमिक जांच के आधार पर दरोगा को निलंबित किया और सीओ के खिलाफ शासन को रिपोर्ट भेजी, जिसके बाद उन्हें हटा दिया गया।

कैसे खुला राज?

इस राज का पर्दाफाश तब हुआ जब UP ATS ने हाल ही में लखनऊ से चार संदिग्ध आतंकियों (साकिब उर्फ डेविल, विकास, लोकेश और अबुजर) को गिरफ्तार किया और पकड़े गए आतंकी साकिब ने पूछताछ में बताया कि उसका संबंध दुबई में बैठे आकिब खान से है और आकिब वही व्यक्ति है जिसका नवंबर 2025 में AK-47 और हैंड ग्रेनेड के साथ एक वीडियो वायरल हुआ था और उस समय बिजनौर पुलिस ने इस मामले की जांच की थी, लेकिन दरोगा सत्येंद्र मलिक ने अपनी विवेचना में हथियारों को प्लास्टिक का खिलौना और ग्रेनेड को परफ्यूम की बोतल बताकर फाइनल रिपोर्ट (FR) लगा दी थी और आकिब को निर्दोष करार दिया था और ATS की जांच में सामने आया कि आकिब असल में एक आतंकी स्लीपिंग मॉड्यूल का हिस्सा है और ISI हैंडलर्स के संपर्क में है। इसके बाद बिजनौर पुलिस की पुरानी रिपोर्ट पर सवाल उठे और कार्रवाई की गई और फिलहाल पुलिस ने इस मामले की विवेचना दोबारा शुरू कर दी है और आकिब की तलाश जारी है।