गौतमबुद्धनगर में औद्योगिक विवाद सुलझाने के लिए ‘हाई-लेवल कमेटी’ गठित, औद्योगिक विकास आयुक्त संभालेंगे कमान।

:- CM के निर्देश पर गठित हाई-लेवल कमेटी, उद्योग और श्रमिकों के बीच बढ़ेगा भरोसा

Noida : उत्तर प्रदेश के जनपद गौतमबुद्धनगर में पिछले कुछ समय से चल रहे औद्योगिक असामंजस्य और विवादों को खत्म करने के लिए शासन ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिले में औद्योगिक शांति और सौहार्द बहाल करने के उद्देश्य से एक उच्च स्तरीय समिति (High-Level Committee) का गठन किया गया है। बता दें कि इस ताकतवर समिति की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास आयुक्त (IDC) करेंगे और इस समिति में शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को शामिल किया गया है, जिनमें अध्यक्ष: औद्योगिक विकास आयुक्त, उत्तर प्रदेश,सदस्य:अपर मुख्य सचिव (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग),सदस्य: प्रमुख सचिव (श्रम एवं सेवायोजन विभाग),सदस्य: सचिव कानपुर से नामित विशेष अधिकारी के रूप में सम्मिलित किया गया है और प्रभावी संवाद सुनिश्चित करने के लिए समिति में केवल अधिकारी ही नहीं, बल्कि जमीनी स्तर के प्रतिनिधियों को भी जगह दी गई है। इसमें श्रमिक संगठनों के 05 प्रतिनिधि और उद्यमी संघों के 03 प्रतिनिधि सदस्य के रूप में शामिल किए गए हैं, ताकि दोनों पक्षों की बात निष्पक्षता से सुनी जा सके।

मिशन और कार्रवाई!

यह उच्च स्तरीय समिति गौतमबुद्धनगर पहुँच चुकी है। समिति का मुख्य कार्य जिले में उत्पन्न औद्योगिक तनाव के कारणों का बारीकी से परीक्षण करना और स्टेकहोल्डर्स के साथ संवाद स्थापित कर समाधान निकालना है। समिति अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट (आख्या) जल्द ही शासन को सौंपेगी, जिसके आधार पर आगे के सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे और इस कदम से नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र के उद्यमियों और श्रमिकों के बीच लंबे समय से चली आ रही खींचतान खत्म होने की उम्मीद जताई जा रही है।